• +91 9971497814
  • info@interviewmaterial.com

Chapter 10- वृत्त (Circles) Ex-10.2 Interview Questions Answers

Question 1 :
एक बिंदु Q से एक वृत्त पर स्पर्श रेखा की लंबाई 24 सेमी. तथा Q की केंद्र से दूरी 25 सेमी. है। वृत्त की त्रिज्या है:
(A) 7 सेमी.
(B) 12 सेमी.
(C) 15 सेमी.
(D) 24.5 सेमी.

Answer 1 : चूंकि O वृत्त का केन्द्र और QT एक स्पर्श रेखा है।

Question 2 :
आकृति में, यदि TP, TQ केंद्र O वाले किसी वृत्त पर दो स्पर्श रेखाएँ इस प्रकार हैं कि ∠POQ = 110°, तो ∠PTQ बराबर हैं:
(A) 60°
(B) 70°
(C) 80°
(D) 90°

Answer 2 :

आकृति में O वृत्त का केन्द्र है, बाह्य बिन्दु T से दो स्पर्श रेखाएँ TP और TQ इस प्रकार हैं कि
∠POQ = 110°
OP ⊥ PT और OQ ⊥ QT
⇒ ∠OPT = 90° और ∠OQT = 90°
अब, चतुर्भुज TPOQ में, हमें प्राप्त है:
∠PTQ + 90° + 110° + 90° = 360°
⇒ ∠PTQ + 290° = 360°
⇒ ∠PTQ = 360° – 290° = 70°
इस प्रकार विकल्प (B) सही है।

Question 3 :
यदि एक बिंदु P से O केंद्र वाले किसी वृत्त पर PA, PB स्पर्श रेखाएँ परस्पर 80° के कोण पर झुकी हों, तो ∠POA बराबर हैः
(A) 50°
(B) 60°
(C) 70°
(D) 80°

Answer 3 :

चूंकि, वृत्त का केन्द्र O और P से वृत्त की दो स्पर्श रेखाएँ PA और PB हैं:
OA ⊥ AP और OB ⊥ BP
∠OAP = ∠OBP = 90°
अब, चतुर्भुज PAOB में, हमें प्राप्त है:
∠APB + ∠PAO + ∠AOB + ∠PBO = 360°
⇒ 80° + 90° + ∠AOB + 90° = 360°
⇒ 260° + ∠AOB = 360°
⇒ ∠AOB = 360° – 260°
⇒ ∠AOB = 100°
अब, समकोण ∆OAP तथा समकोण ∆OBP में,
OP = OP [उभयनिष्ठ]
∠OAP = ∠OBP [प्रत्येक = 90°]
OA = OB [एक ही वृत की त्रिज्याएँ]
∆OAP = ∆OBP [SAS]
इनके संगत-अंग समान होंगे।
∠POA = ∠POB
⇒ ∠POA =  ∠AOB =  x 100° = 50°
इस प्रकार, विकल्प (A) सही है।

Question 4 : सिद्ध कीजिए कि किसी वृत्त के किसी व्यास के सिरों पर खींची गई स्पर्श रेखाएँ समांतर होती हैं।

Answer 4 :


आकृति में, हमें प्राप्त है कि: वृत का केन्द्र O और PQ एक व्यास है। माना AB और CD वृत्त के व्यास PQ के सिरों पर खींची गई स्पर्श रेखाएँ हैं।
चूंकि स्पर्श-बिन्दु से होकर खींची गई त्रिज्या वृत्त की स्पर्श-रेखा पर लम्ब होती है।
PQ ⊥ AB
∠APQ = 90° …..(1)
और
PQ ⊥ CD
∠PQD = 90° ………(2)
(1) और (2) से,
∠APQ = ∠PQD
परन्तु ये संगत कोणों का एक युग्म बनाते हैं। |
AB || CD

Question 5 : सिद्ध कीजिए कि स्पर्श बिंदु से स्पर्श रेखा पर खींचा गया लंब वृत्त के केंद्र से होकर जाता है।

Answer 5 :


आकृति में, O, वृत्त का केन्द्र और स्पर्श रेखा AB वृत्त को बिन्दु P पर स्पर्श करती है। OP को मिलाओ।
चूंकि स्पर्श-बिन्दु से होकर खींची गई त्रिज्या वृत्त की स्पर्श-रेखा पर लम्ब होती है।
AB ⊥ OP
∠OPB = 90° ……..(1)
यदि सम्भव हो, तो PQ ⊥ AB खींचिए जो कि O से नहीं गुजरता है।
AB ⊥ OP
∠QPB = 90° ………(2)
(1) और (2) से,
∠QPB = ∠OPB
यह तभी संभव है, जब O और Q संपाती हो। इस प्रकार, हम कह सकते हैं कि:
स्पर्श रेखा पर स्पर्श बिन्दु से खींचा गया लम्ब, वृत्त के केन्द्र से होकर जाता है।

Question 6 : एक बिंदु A से, जो वृत्त के केंद्र से 5 सेमी. दूरी पर है, वृत्त पर स्पर्श रेखा की लंबाई 4 सेमी. है। वृत्त की त्रिज्या ज्ञात कीजिए।

Answer 6 :

चूंकि वृत्त के किसी बिन्दु पर स्पर्श रेखा स्पर्श बिन्दु से जाने वाली त्रिज्या पर लम्ब होती है।
∠OTA = 90°
समकोण ΔOTA में हमें प्राप्त है:
⇒ OA² = OT² + AT²
⇒ 5² = OT² + 4²
⇒ OT² = 5² – 4²
⇒ OT² = (5 – 4) (5 + 4)
⇒ OT² = 1 x 9 = 9 = 3²
⇒ OT = 3
इस प्रकार, वृत्त की त्रिज्या 3 सेमी है।

Question 7 : दो संकेंद्रीय वृत्तों की त्रिज्याएँ 5 सेमी. तथा 3 सेमी. हैं। बड़े वृत्त की उस जीवा की लंबाई ज्ञात कीजिए जो छोटे वृत्त को स्पर्श करती हो।

Answer 7 :


आकृति में, O दोनों वृत्तों का उभयनिष्ठ केन्द्र है।
बड़े वृत्त की जीवा AB इस प्रकार है कि यह छोटे वृत्त की P पर स्पर्श रेखा है।
⇒ OP ⊥ AB = ∠OPB = 90°
हम यह भी जानते हैं कि स्पर्श-बिन्दु से जाने वाली त्रिज्या स्पर्श रेखा पर लम्ब होती है।
AB को OP समद्विभाजित करता है।
⇒ AP = AB
समकोण ΔAPO में,
⇒ OA² = AP² – OP²
⇒ 5² = AP² – 3²
⇒ AP² = 5² – 3²
⇒ AP² = (5 – 3) (5 + 3) = 2 x 8
⇒ AP² = 16 = (4)²
⇒ AP = 4 सेमी.
AB = 4
⇒  AB = 2 x 4 = 8 सेमी.
अत: जीवा AB की अभीष्ठ लम्बाई 8 सेमी.

Question 8 : एक वृत्त के परिगत एक चतुर्भुज ABCD खींचा गया है (देखिए आकृति)। सिद्ध कीजिएः
AB + CD = AD + BC

Answer 8 :

चूंकि चतुर्भुज ABCD की भुजाएँ AB, BC, CD
और DA वृत्त को बिन्दुओं P, Q, R और S पर स्पर्श करती हैं।
और एक बाह्य बिन्दु से वृत्त पर खींची गई स्पर्श रेखाएँ समान होती हैं।
AP= AS
BP = BQ
DR = DS
CR = CQ
उक्त समीकरणों को जोड़ने पर हमें प्राप्त होता है।
(AP + BP) + (CR + DR) = (AS + DS) + (BQ + CG)
⇒ AB + CD = AD+ BC
यही सिद्ध करना था।

Question 9 : आकृति में XY तथा X’Y’, O केंद्र वाले किसी वृत्त पर दो समांतर स्पर्श रेखाएँ हैं और स्पर्श बिंदु C पर स्पर्श रेखा AB, XY को A तथा X’Y’ को B पर प्रतिच्छेद करती है। सिद्ध कीजिए कि ∠AOB = 90° है।

Answer 9 :

चूंकि एक बाह्य बिन्दु से वृत्त पर खींची गयी स्पर्श-रेखाएँ समान होती है।
AP = AC
ΔPAO और ΔAOC में, हमें प्राप्त है।
AO = AO [उभयनिष्ठ]
OP = OC [एक ही वृत्त की त्रिज्याएँ]
AP = AC [बिन्दु A से वृत पर स्पर्श रेखाएँ]
ΔPAO = ΔAOC [SSS सर्वांगसमता]
∠PAO = ∠CAO
∠PAC = 2 ∠CAO ….(1)
इसी प्रकार, ∠CBQ = 2∠CBO …….(2)
हम यह भी जानते हैं कि यहाँ तिर्यक रेखा AB के एक ही ओर के अन्तः कोणों का योग 180° होगा।
∠PAC + ∠CBQ = 180°
या 2 ∠CA0 + 2 ∠CBO = 180° [ (1) और (2) से ]
∠CAO + ∠CBO = 90° …..(3)
अब ΔAOB में,
∠BAO + ∠ABO + ∠AOB = 180°
या ∠CAO + ∠CBO + ∠AOB = 180°
∠BAO और ∠CAO एक ही कोण है।
तथा ∠ABO और ∠CAO एक कोण है।
90° + ∠AOB = 180° [(3) से]
∠AOB = 180° – 90° = 90°
अतः
∠AOB = 90°

Question 10 : सिद्ध कीजिए कि किसी बाह्य बिंदु से किसी वृत्त पर खींची गई स्पर्श रेखाओं के बीच का कोण स्पर्श बिंदुओं को मिलाने वाले रेखाखंड द्वारा केंद्र पर अंतरित कोण का संपूरक होता है।

Answer 10 :


माना PA और PB दो स्पर्श रेखाएँ हैं जो कि वृत्त पर बाह्य बिन्दु P पर खींची गई है। वृत्त का केन्द्र O बिन्दु पर है।
अब, समकोण ΔOAP और A OBP में, हमें प्राप्त है कि:
PA = PB [बाह्य बिन्दु से वृत्त पर स्पर्श-रेखाएँ]
OA = OB [एक ही वृत्त की त्रिज्याएँ]
OP = OP [उभयनिष्ठ]
SSS सर्वांगसमता से,
ΔΟΑΡ = ΔOPB इनके संगत भाग भी समान होंगे।
⇒ ∠OAA = ∠OPB
और ∠AOP = ∠BOP
∠APB = 2 ∠OPA
और ∠AOB = 2∠AOP
परन्तु ∠AOP = 90° – ∠OPA
2∠AOP = 180° – 2∠OPA
⇒ ∠AOB = 180° – ∠APB
⇒ ∠AOB + ∠APB = 180°


Selected

 

Chapter 10- वृत्त (Circles) Ex-10.2 Contributors

krishan

Share your email for latest updates

Name:
Email:

Our partners